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दिसंबर तक स्टॉक मार्केट पर बना रहेगा प्रेशर, ऐसे बनाएं निवेश की स्ट्रैटजी

नोट बंदी के ऐलान के बाद से स्टॉक मार्केट में लगातार दबाव बना हुआ है। कैश की किल्लत से मांग में गिरावट के बाद कई रिसर्च रिपोर्ट में जीडीपी ग्रोथ सुस्त होने की वजह से स्टॉक मार्केट पर दबाव बन गया है। डॉएचे बैंक ने सेंसेक्स को लेकर अपने टार्गेट घटाए हैं। जाऩिए गिरावट की संभावनाओं के बीच क्या हो मार्केट में निवेश की रणनीति

डॉएचे बैंक ने घटाया सेंसेक्स का टार्गेट
डॉएचे बैंक ने सेंसेक्स का साल 2016 के लिए लक्ष्य घटा कर 25 हजार कर दिया है। इससे पहले सेंसेक्स के लिए 27 हजार का लक्ष्य दिया गया था। बैंक के मुताबिक फिलहाल इक्विटी मार्केट के सामने कई चुनौतियां मौजूद हैं। रिपोर्ट में कहा गया कि ग्लोबल संकेत पहले से ही अनिश्चितता भरे थे। वहीं बड़े नोट बंद होने सेग्राहकों के खर्च में गिरावट देखने को मिलेगी। इससे कैश आधारित सेक्टर में दबाव बढेगा। मांग घटने से मार्केट के लिए सेंटीमेंट्स निगेटिव हो गए हैं। इसके साथ ही दिसंबर फेडरल रिजर्व का दरों पर रुख और अमेरिकी सरकार की नीतियों के संकेत मिलेंगे। अनुमान है कि दिसंबर में भी दबाव बना रह सकता है।.

नोट बैन से ग्रोथ में कमी का अनुमान
केयर रेटिंग्स ने अनुमान दिया है कि ग्रॉस वैल्यू एडेड यानि जीवीए में पिछले अनुमानों के मुकाबले 0.3 फीसदी से 0.5 फीसदी की गिरावट देखने को मिल सकती है। डिमॉनिटाइजेशन के बाद जीवीए 7.1 से 7.3 फीसदी की दर से बढ़ सकती है। इससे पहले अनुमान 7.6 फीसदी की ग्रोथ का था। केयर रेटिंग्स की रिपोर्ट के मुताबिक सबसे ज्यादा नुकसान सर्विस सेक्टर पर देखने को मिल सकता है। क्योंकि सेक्टर से जुड़े कई सेग्मेंट में कैश का काफी इस्तेमाल होता है। इसका असर तीसरे और चौथे क्वार्टर में देखने को मिल सकता है। वहीं, एसएमई सेक्टर में भी दबाव मध्यम अवधि तक देखने को मिल सकता है। रिपोर्ट में कहा गया है कि मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में छोटी अवधि का देखने को मिल सकता है। रिपोर्ट में कहा गया है कि मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में छोटी अवधि का दबाव रहेगा और चौथे क्वार्टर में रिकवरी संभव है। दूसरी तरफ बैंकिंग सेक्टर को इस फैसले का फायदा होने की उम्मीद है। एचडीएफसी बैंक ने भी देश की इकनॉमी की ग्रोथ में कमी का अनुमान दिया है। बैंक ने अनुमान जताया है कि मौजूदा मांग में गिरावट के देखते हुए साल 2016-17 में जीडीपी ग्रोथ 7.3 फीसदी रह सकती है। वहीं पिछला अनुमान 7.8 फीसदी की था।.

क्या होगी मार्केट की दिशा
डॉएचे बैंक द्वारा सेंसेक्स का लक्ष्य घटाने पर जियोजित बीएनपी पारिबा के वीपी गौरांग शाह ने कहा कि मार्केट पर मौजूदा निगेटिव संकेतों का असर देखने को मिलेगा। हालांकि छोटी अवधि में मार्केट घरेलू संकेतों पर रिएक्ट करेगा।

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